नेता प्रतिपक्ष ही तय नहीं कर पाये, तो विपक्ष की क्या भूमिका हो सकती है
रांची। झारखंड विधानसभा के winter session के समापन के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पत्रकारों से बातचीत में सदन के अंदर विपक्ष की भूमिका बहुत कारगर नहीं रही।
हेमंत सोरेन ने कहा कि विपक्षी सदस्यों को पूरे समय में सदन में रहना चाहिए था, लेकिन उनकी भी क्या गलती है, जब वे अभी तक नेता प्रतिपक्ष तय नहीं कर पाये है, तो बिना नेता प्रतिपक्ष के विपक्ष की क्या भूमिका हो सकती हैं। उस हिसाब से कुल मिलाकर कहा जाए तो उनके अनुरूप विपक्षी सदस्य अपनी भूमिका में थे। उन्होंने विधानसभा में मॉब लिंचिंग पर अंकुश को लेकर पेश किये गये विधेयक और अन्य विधायी कार्य पूरा होने पर संतोष व्यक्त किया।

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